आत्मा : ना हिन्दू ना मुसलमान

 आत्मा : ना हिन्दू ना मुसलमान
पिछले जन्म का राज ,जानने के लिए एक टीवी प्रोग्राम में आये मुस्लिम अभिनेता को यह पता चला की पिछले जन्म में वह एक गरीब हिन्दू था .बाद में अभिनेता ने यह मान लिया की पुनर्जन्म खोज करने वाले इस कार्यक्रम को वह  पहले झूट समझता था ,लेकिन हिप्नोतिस्म द्वारा अंतर्मन में झाकने पर उसे  इस सच्चाई का पता चल गया
इससे यह सिध्द होता है की आत्मा का कोई धर्म नहीं होता ,आत्मा ना हिन्दू ही ना मुसलमान तथा अपने कर्म और इच्छाओं  के कारण जिव  को पुनर्जन्म लेना पढ़ता है त़ा के वो जीवन की सचाई जान कर अंत में मुक्त हो सके ,इसीको कहते है ''आत्मोधार ''
पिछले जन्म का राज ,जानने के लिए एक टीवी प्रोग्राम में आये मुस्लिम अभिनेता को यह पता चला की पिछले जन्म में वह एक गरीब हिन्दू था .बाद में अभिनेता ने यह मान लिया की पुनर्जन्म खोज करने वाले इस कार्यक्रम को वह  पहले झूट समझता था ,लेकिन हिप्नोतिस्म द्वारा अंतर्मन में झाकने पर उसे  इस सच्चाई का पता चल गया
इससे यह सिध्द होता
अगर दुनियाके सभी धर्म के लोग ,हिन्दुओं    के इस महान खोज और धारणा को अपना लेंगे तो वह भी हिंदुओं की  तरहा सहिष्णु  बन जायेंगे तथा उन्हें इस तथ्य का पता चल जाएगा की...... 
  भगवान या अल्लाह  एक  धर्म के लोगों को दुसरे धर्म के मासूम लोगोंको मारनेका  आदेश  केवल  इस कारण से नहीं दे सकता की वो भगवान् की आराधना अलग तरीके से करते  है या भगवान ,ईश्वर ,अल्लाह को मानते नहीं ,
अगर वह ईश्वर है यानी के सर्व शक्तिमान है तो उसे जो पसंद नहीं है उसका विनाश वह खुद चुटकियों में करेगा ,किसी दुसरे को क्यों बताएगा की उनको मारो.
 अगर वो ऐसे बतात़ा है तो फिर वह ना तो ईश्वर है ना ही प्रेषित .

Post by TPHJ.









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